जमुई की चीख सुनिए: महिलाओं की सुरक्षा पर उठे सवाल?
बिहार के जमुई में 19 सितंबर 2026 को दो नाबालिग छात्रों के साथ कथित दुर्व्यवहार और उत्पीड़न का मामला सामने आया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस कार्रवाई तेज हुई। पुलिस के अनुसार, घटना के संबंध में POCSO और अन्य संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत FIR दर्ज की गई है। अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और घटना में शामिल अन्य संदिग्धों की पहचान एवं गिरफ्तारी के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है।
वायरल वीडियो के प्रसार के बाद नाबालिगों की पहचान सार्वजनिक होने को लेकर भी प्रशासन ने चिंता जताई है। पुलिस ने लोगों से वीडियो को आगे साझा या प्रसारित न करने की अपील की है और ऐसे सोशल मीडिया अकाउंट्स के खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है। 22 सितंबर को पुलिस ने करीब 120 सोशल मीडिया प्रोफाइल के खिलाफ FIR दर्ज किए जाने की जानकारी दी।
घटना के बाद महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा, सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था, त्वरित कानूनी कार्रवाई और पीड़ितों को सहायता उपलब्ध कराने जैसे मुद्दे चर्चा में आए हैं। पोस्टर इन्हीं विषयों को सामने रखते हुए सख्त कानून, फास्ट-ट्रैक कोर्ट, महिला हेल्प डेस्क, पीड़ितों के लिए कानूनी एवं मानसिक सहायता और सुरक्षा संबंधी नीतियों की मांग करता है। पोस्टर में व्यक्त मांगें राजनीतिक संगठन की मांगें हैं; घटना से जुड़े आरोप और अन्य संदिग्धों की भूमिका फिलहाल जांच के अधीन है। https://www.youtube.com/watch?v=iiu2jEduS-g
